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Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 Free Online Test 2026


Full Mock Test & Solutions: Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 (150 Questions)

You can boost your Uttarakhand Police SI 2026 exam preparation with this Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 (available with detailed solutions).. This mock test has been designed with the analysis of important topics, recent trends of the exam, and previous year questions of the last 3-years. All the questions have been designed to mirror the official pattern of Uttarakhand Police SI 2026 exam, helping you build speed, accuracy as per the actual exam.

Mock Test Highlights:

  • - Format: Multiple Choice Questions (MCQ)
  • - Duration: 120 minutes
  • - Total Questions: 150
  • - Analysis: Detailed Solutions & Performance Insights
  • - Sections covered: Hindi

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Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 1

उपासना का विलोम शब्द है।

Detailed Solution: Question 1

  • उपासना का अर्थ होता है पूजाआस्था
  • नास्तिकता का अर्थ होता है पूजा ना करने वालाभगवान में आस्था ना रखने वाला।

अन्य विकल्प

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 2

‘विपिन’ का पर्यायवाची शब्द है।

Detailed Solution: Question 2

  • ‘विपिन’ का उचित पर्यायवाची शब्द ‘अटवी’ है।
  • इसके अन्य पर्यायवाची शब्द हैं- कानन, वन, अरण्य, गहन, अख्य, कान्तार, जंगल आदि।

अन्य विकल्प:

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 3

निम्‍नलिखित में तद्भव है-

Detailed Solution: Question 3

तद्भव (शाब्दिक अर्थ : 'उससे उत्पन्न') एक संस्कृत शब्द है जो मध्यकालीन भारत-आर्य भाषाओं के सन्दर्भ में उन शब्दों को कहते हैं जो संस्कृत के मूल शब्द नहीं हैं बल्कि संस्कृत के किसी मूल शब्द से व्युत्पन्न (निकले हुए) हैं। भारतीय उपमहाद्वीप की भाषाओं में जो शब्द हैं उन्हें मुख्यतः तीन श्रेणियों में बांटा जाता है - तत्सम, तद्भव और देशज। दूसरे शब्दों में, तत्सम शब्दों के बदले हुए रूप को तद्भव शब्द कहा जाता है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 4

‘बेमतलब’ में कौन-सा समास होगा? 

Detailed Solution: Question 4

  • ‘बेमतलब’ का उचित समास-विग्रह है ‘मतलब के बिना’।
  • यह अव्ययीभाव समास का उदाहरण है।
  • यह समास अव्यय और संज्ञा के योग से बनता है।
  • इसका क्रिया विशेष के रूप में प्रयोग किया जाता है।
  • इसमें प्रथम पद (पूर्व पद) प्रधान होता है।
  • समस्त पद का रूप किसी भी लिंग, वचन आदि के कारण नहीं बदलता है

अन्य विकल्प:

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 5

‘व्याकुल’ शब्द में कौन सी संधि होगी?

Detailed Solution: Question 5

इनमें से सही उत्तर विकल्प 1 ‘यण संधि है। अन्य विकल्प असंगत उत्तर हैं।

स्पष्टीकरण:  

वि+आकुल = व्याकुल, ( इ + आ = या )

यण संधि’, स्वर संधि का प्रकार है। इस संधि में जब इ, ई के साथ कोई अन्य स्वर हो तो  बन जाता है और जब उ, ऊ के साथ कोई अन्य स्वर हो तो व् बन जाता है तथा  के साथ कोई अन्य स्वर होता है तो  बन जाता है। 

विशेष:

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 6

बगुला भगत मुहावरे का क्या अर्थ है?

Detailed Solution: Question 6

  • बगुला भगत मुहावरे का अर्थ है ढ़ोंगी व्यक्ति ।
  • उदाहरण - वो साधु तो बगुलाभगत निकला , सबको लूट कर भाग गया ।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 7

अधोलिखित में वर्तनी की दृष्टि से एक शब्द अशुद्ध है:

Detailed Solution: Question 7

  • ‘आध्यात्म’ की शुद्ध वर्तनी होगी - अध्यात्म
  • 'अध्यात्म' का अर्थ है - आत्मा संबंधी या आत्मा परमात्मा के संबंध में चिन्तन-मनन।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 8

निम्नलिखित वाक्यों में भाववाचक संज्ञा का उदाहरण कोनसा है?

Detailed Solution: Question 8

दिए गए विकल्पों में से विकल्प 3 मुझे तुम्हारी आँखों में क्रोध नज़र आता है। सही उत्तर है, अन्य विकल्प असंगत है। अतः सही विकल्प मुझे तुम्हारी आँखों में क्रोध नज़र आता है। 

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 9

‘सब’ उपसर्ग बना शब्द इनमे से कौन सा है?

Detailed Solution: Question 9

दिए गए विकल्पों में ‘सब’ उपसर्ग बना शब्द सबइंस्पेक्टर है l अन्य विकल्प सटीक उत्तर नहीं हैl

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 10

''बन्दरिया'' शब्द में प्रयुक्त प्रत्यय है-

Detailed Solution: Question 10

  • दिए गए विकल्पों में से 'बंदरिया' शब्द में 'इया' प्रत्यय है। 
  • बंदर + इया = बंदरिया शब्द बना है। 
  • इससे बने अन्य शब्द हैं - बढ़िया, घटिया, जड़िया।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 11

प्रश्नवाचक सर्वनाम का उदाहरण है:

Detailed Solution: Question 11

प्रश्नवाचक सर्वनाम का उदाहरण 'किन्हें' है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 12

लाल-पीला होना का अर्थ है -

Detailed Solution: Question 12

लाल-पीला होना का अर्थ 'बहुत क्रोधित होना' है।

वाक्य प्रयोग – बोर्ड परीक्षा में फेल होने पर केशव के पिता लाल-पीले हो गए।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 13

निर्देश: निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर इस पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दीजिये।

मनुष्य अपने विकास के लिए प्राकृतिक संसाधनों का दोहन करके अपनी विविध आवश्यकताओं की पूर्ति करता है। प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण, संवर्धन एवं मितव्ययितापूर्वक उपयोग मानव की कुशलता, लगन एवं समर्पण पर निर्भर है।

प्रकृति के अमूल्य उपहारों, जैसे-वन, जल, खनिज आदि को अपने कल्याण के लिए सम्पूर्ण प्रयोग करना मानव-मात्र की इच्छा शक्ति व तर्कशक्ति पर निर्भर है। मानव की प्रगति के लिए सतत् विकास का महत्त्व गाँधीजी ने बहुत पहले ही पहचान लिया था। इसलिए सतत् विकास हेतु मानव की आत्मनिर्भरता को ध्यान में रखकर संसाधनों के संरक्षण पर जोर दिया। विकास का ध्येय जीवन के आर्थिक ही नहीं वरन् सामाजिक, आर्थिक, नैतिक और आध्यात्मिक स्तर को ऊँचा उठाना होना चाहिए। प्रकृति से संस्कृति की ओर बढ़ने की आकांक्षा हमेशा होनी चाहिए। जहाँ इस आकांक्षा की पूर्ति होगी उसे इतिहास में स्वर्ण युग का नाम देना उचित होगा न कि साहित्य और कला की तरक्की का। इस दृष्टि से अभी तक भारत का स्वर्ण युग दूर-दूर तक दिखाई नहीं देता।

प्रश्न: मनुष्य अपने विकास के लिए क्या करता है?

Detailed Solution: Question 13

मनुष्य अपने विकास के लिए प्राकृतिक संसाधनों का दोहन करके अपनी विविध आवश्यकताओं की पूर्ति करता है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 14

निर्देश: निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर इस पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दीजिये।

मनुष्य अपने विकास के लिए प्राकृतिक संसाधनों का दोहन करके अपनी विविध आवश्यकताओं की पूर्ति करता है। प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण, संवर्धन एवं मितव्ययितापूर्वक उपयोग मानव की कुशलता, लगन एवं समर्पण पर निर्भर है।

प्रकृति के अमूल्य उपहारों, जैसे-वन, जल, खनिज आदि को अपने कल्याण के लिए सम्पूर्ण प्रयोग करना मानव-मात्र की इच्छा शक्ति व तर्कशक्ति पर निर्भर है। मानव की प्रगति के लिए सतत् विकास का महत्त्व गाँधीजी ने बहुत पहले ही पहचान लिया था। इसलिए सतत् विकास हेतु मानव की आत्मनिर्भरता को ध्यान में रखकर संसाधनों के संरक्षण पर जोर दिया। विकास का ध्येय जीवन के आर्थिक ही नहीं वरन् सामाजिक, आर्थिक, नैतिक और आध्यात्मिक स्तर को ऊँचा उठाना होना चाहिए। प्रकृति से संस्कृति की ओर बढ़ने की आकांक्षा हमेशा होनी चाहिए। जहाँ इस आकांक्षा की पूर्ति होगी उसे इतिहास में स्वर्ण युग का नाम देना उचित होगा न कि साहित्य और कला की तरक्की का। इस दृष्टि से अभी तक भारत का स्वर्ण युग दूर-दूर तक दिखाई नहीं देता।

प्रश्न: भारत का स्वर्ण युग दूर-दूर तक इसलिए दिखाई नहीं देता, क्योंकि:

Detailed Solution: Question 14

दिए गए गद्यांश के अनुसार भारत का स्वर्ण-युग दूर-दूर तक इसलिए दिखाई नहीं देता क्योंकि प्रकृति से संस्कृति की ओर बढ़ने की आकांक्षा पूरी नहीं हो रही हैं।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 15

निर्देश: निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर इस पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दीजिये।

मनुष्य अपने विकास के लिए प्राकृतिक संसाधनों का दोहन करके अपनी विविध आवश्यकताओं की पूर्ति करता है। प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण, संवर्धन एवं मितव्ययितापूर्वक उपयोग मानव की कुशलता, लगन एवं समर्पण पर निर्भर है।

प्रकृति के अमूल्य उपहारों, जैसे-वन, जल, खनिज आदि को अपने कल्याण के लिए सम्पूर्ण प्रयोग करना मानव-मात्र की इच्छा शक्ति व तर्कशक्ति पर निर्भर है। मानव की प्रगति के लिए सतत् विकास का महत्त्व गाँधीजी ने बहुत पहले ही पहचान लिया था। इसलिए सतत् विकास हेतु मानव की आत्मनिर्भरता को ध्यान में रखकर संसाधनों के संरक्षण पर जोर दिया। विकास का ध्येय जीवन के आर्थिक ही नहीं वरन् सामाजिक, आर्थिक, नैतिक और आध्यात्मिक स्तर को ऊँचा उठाना होना चाहिए। प्रकृति से संस्कृति की ओर बढ़ने की आकांक्षा हमेशा होनी चाहिए। जहाँ इस आकांक्षा की पूर्ति होगी उसे इतिहास में स्वर्ण युग का नाम देना उचित होगा न कि साहित्य और कला की तरक्की का। इस दृष्टि से अभी तक भारत का स्वर्ण युग दूर-दूर तक दिखाई नहीं देता।

प्रश्न: मानव की कुशलता, लगन और समर्पण पर क्या निर्भर करता है:

Detailed Solution: Question 15

मानव की कुशलता, लगन एवं समर्पण पर प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण,  संवर्धन एवं मितव्ययता आदि पर निर्भर करते है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 16

निर्देश: निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर इस पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दीजिये।

मनुष्य अपने विकास के लिए प्राकृतिक संसाधनों का दोहन करके अपनी विविध आवश्यकताओं की पूर्ति करता है। प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण, संवर्धन एवं मितव्ययितापूर्वक उपयोग मानव की कुशलता, लगन एवं समर्पण पर निर्भर है।

प्रकृति के अमूल्य उपहारों, जैसे-वन, जल, खनिज आदि को अपने कल्याण के लिए सम्पूर्ण प्रयोग करना मानव-मात्र की इच्छा शक्ति व तर्कशक्ति पर निर्भर है। मानव की प्रगति के लिए सतत् विकास का महत्त्व गाँधीजी ने बहुत पहले ही पहचान लिया था। इसलिए सतत् विकास हेतु मानव की आत्मनिर्भरता को ध्यान में रखकर संसाधनों के संरक्षण पर जोर दिया। विकास का ध्येय जीवन के आर्थिक ही नहीं वरन् सामाजिक, आर्थिक, नैतिक और आध्यात्मिक स्तर को ऊँचा उठाना होना चाहिए। प्रकृति से संस्कृति की ओर बढ़ने की आकांक्षा हमेशा होनी चाहिए। जहाँ इस आकांक्षा की पूर्ति होगी उसे इतिहास में स्वर्ण युग का नाम देना उचित होगा न कि साहित्य और कला की तरक्की का। इस दृष्टि से अभी तक भारत का स्वर्ण युग दूर-दूर तक दिखाई नहीं देता।

प्रश्न: गद्यांश के अनुसार कौन-सा विकास का ध्येय नहीं है?

Detailed Solution: Question 16

नैतिक स्तर, सामाजिक स्तर एवं आध्यात्मिक स्तर को ऊँचा उठाना, ये सभी विकास के ध्येय है जबकि भौतिक स्तर को ऊँचा उठाना विकास का ध्येय गद्यांश के अनुसार सही नहीं है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 17

निर्देश: निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर इस पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दीजिये।

मनुष्य अपने विकास के लिए प्राकृतिक संसाधनों का दोहन करके अपनी विविध आवश्यकताओं की पूर्ति करता है। प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण, संवर्धन एवं मितव्ययितापूर्वक उपयोग मानव की कुशलता, लगन एवं समर्पण पर निर्भर है।

प्रकृति के अमूल्य उपहारों, जैसे-वन, जल, खनिज आदि को अपने कल्याण के लिए सम्पूर्ण प्रयोग करना मानव-मात्र की इच्छा शक्ति व तर्कशक्ति पर निर्भर है। मानव की प्रगति के लिए सतत् विकास का महत्त्व गाँधीजी ने बहुत पहले ही पहचान लिया था। इसलिए सतत् विकास हेतु मानव की आत्मनिर्भरता को ध्यान में रखकर संसाधनों के संरक्षण पर जोर दिया। विकास का ध्येय जीवन के आर्थिक ही नहीं वरन् सामाजिक, आर्थिक, नैतिक और आध्यात्मिक स्तर को ऊँचा उठाना होना चाहिए। प्रकृति से संस्कृति की ओर बढ़ने की आकांक्षा हमेशा होनी चाहिए। जहाँ इस आकांक्षा की पूर्ति होगी उसे इतिहास में स्वर्ण युग का नाम देना उचित होगा न कि साहित्य और कला की तरक्की का। इस दृष्टि से अभी तक भारत का स्वर्ण युग दूर-दूर तक दिखाई नहीं देता।

प्रश्न: गाँधीजी ने किस पर जोर दिया?

Detailed Solution: Question 17

गाँधीजी ने प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण पर विशेष बल दिया।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 18

निजवाचक सर्वनाम का उदाहरण नहीं है:

Detailed Solution: Question 18

'मेरा' निजवाचक सर्वनाम का उदाहरण नहीं है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 19

निम्नलिखित वाक्यों में से विशेषण शब्द छाँटकर लिखिएI

श्रेष्ठ पुरुषों का सभी सम्मान करते हैं।

Detailed Solution: Question 19

श्रेष्ठ पुरुषों का सभी सम्मान करते हैं। इस वाक्य में 'श्रेष्ठ' विशेषण शब्द है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 20

दिए हुए शब्दों में भिन्न अर्थ वाला शब्द है:

Detailed Solution: Question 20

दिन 'सूर्योदय से सूर्यास्त तक' होता है जबकि उषा, प्रभात, सवेरा ये तीनो दिन का एक हिस्सा है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 21

फूल का पर्यायवाची नहीं है:

Detailed Solution: Question 21

फूल का पर्यायवाची तनुजा नहीं है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 22

‘राधा नाचकर गाना गाई’| इस वाक्य में पूर्वकालिक क्रिया कौन है?

Detailed Solution: Question 22

‘राधा नाचकर गाना गाई’| इस वाक्य में पूर्वकालिक क्रिया नाचकर है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 23

‘राष्ट्रभक्ति’ में प्रयुक्त समास है:

Detailed Solution: Question 23

राष्ट्रभक्ति = राष्ट्र की भक्ति। यहाँ भक्ति का सम्बन्ध राष्ट्र से है। अत: राष्ट्रभक्ति में तत्पुरुष समास है। वह समास है जिसमें बाद का अथवा उत्तर पद प्रधान होता है तथा दोनों पदों के बीच का कारक-चिह्न लुप्त हो जाता है। जैसे-राजा का कुमार - राजकुमार।  ठीक इसी प्रकार 'राष्ट्रभक्ति = राष्ट्र की भक्ति' होगा। 

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 24

'गंगा' का पर्यायवाची है-

Detailed Solution: Question 24

'गंगा' का पर्यायवाची 'भैरवी' है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 25

निम्न में से पुरूष वाचक सर्वनाम है:

Detailed Solution: Question 25

निम्न में से पुरूष वाचक सर्वनाम 'उस' है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 26

’गृहिणी ने गरीबों को कपड़े दिए।’ वाक्य में कौनसा कारक है?

Detailed Solution: Question 26

’गृहिणी ने गरीबों को कपड़े दिए।’ वाक्य में संप्रदान है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 27

‘देव’ शब्द का स्त्रीलिंग रूप क्या है ?

Detailed Solution: Question 27

‘देव’ शब्द का स्त्रीलिंग रूप देवी है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 28

"अढाई चावल की ख़िचडी पकाना" मुहावरे का अर्थ है?

Detailed Solution: Question 28

"अढाई चावल की ख़िचडी पकाना" मुहावरे का अर्थ 'अलग रहना' है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 29

मेरा खिलौना टूटा है। वाक्य में सर्वनाम है-

Detailed Solution: Question 29

मेरा खिलौना टूटा है। वाक्य में पुरूषवाचक सर्वनाम है।

Uttarakhand Police SI Paper 1 Mock Test - 5 - Question 30

’बंदर नाच दिखाता है।’ वाक्य में कौनसा कारक है?

Detailed Solution: Question 30

’बंदर नाच दिखाता है।’ वाक्य में कर्म कारक है।

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